जब हो मन अशांत तेरा, सतगुरु का सुमिरण करना रे।।
मन की चिंता सतगुरु को सौंप, शान्त चित ध्यान लगाना रे।।
जब हो मन अशान्त…..
सुरता को लगाना गुरु चरणों में, गुरु मंत्र का जाप करना रे।।
सतगुरु देगें शक्ति तुुझको, तू नहीं किसी से डरना रे।।
जब हो मन अशान्त…..
सतगुरु की दुआ में होती है ताकत, तू पूर्ण विश्वास करना रे।।
विपद तेरी सब कट जायेगी, तू हरषि-हरषि सतगुरु गुण गाना रे।।
जब हो मन अशान्त…..
सतगुरु तेरी रक्षा करेगा, लक्ष्मीनारायण अनुभव बखाना रे।
जब हो मन अशान्त…..